लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में एक राजनीतिक कार्यक्रम के दौरान हुई दुर्भाग्यपूर्ण घटना ने राज्य की राजनीति में हलचल मचा दी है। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की विधायक अनुपमा जायसवाल एक विरोध प्रदर्शन के दौरान आग की चपेट में आकर झुलस गईं। इस घटना के बाद उन्हें तत्काल मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
विरोध प्रदर्शन के दौरान हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, यह घटना उस समय हुई जब बीजेपी विधायक अनुपमा जायसवाल नारी शक्ति वंदन अधिनियम से जुड़े संशोधन पास न होने के विरोध में प्रदर्शन कर रही थीं। इस दौरान वे अखिलेश यादव और राहुल गांधी का पुतला जलाने की कोशिश कर रही थीं।
पुतला दहन के दौरान अचानक आग ने विकराल रूप ले लिया और अनुपमा जायसवाल उसके संपर्क में आ गईं, जिससे वे झुलस गईं। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत आग बुझाने का प्रयास किया और उन्हें प्राथमिक उपचार दिया गया। इसके बाद उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया।
अखिलेश यादव का अस्पताल दौरा
घटना की खबर मिलते ही अखिलेश यादव ने मानवीय संवेदना का परिचय देते हुए अस्पताल पहुंचकर अनुपमा जायसवाल से मुलाकात की। उन्होंने डॉक्टरों से इलाज की जानकारी ली और परिवारजनों से भी बातचीत की।
अखिलेश यादव ने कहा कि इस प्रकार की घटनाएं दुर्भाग्यपूर्ण हैं और किसी भी राजनीतिक मतभेद से ऊपर उठकर मानवीय संवेदनाओं को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। उन्होंने अनुपमा जायसवाल के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।
लखनऊ में हुई यह घटना जहां एक ओर राजनीतिक गतिविधियों के दौरान सुरक्षा की अहमियत को उजागर करती है, वहीं दूसरी ओर यह भी दर्शाती है कि संकट के समय राजनीतिक सीमाएं पीछे छूट जाती हैं और मानवता आगे आती है।फिलहाल सभी की नजरें अनुपमा जायसवाल के स्वास्थ्य पर टिकी हैं और उम्मीद की जा रही है कि वे जल्द ही स्वस्थ होकर अपने दायित्वों का निर्वहन फिर से शुरू करेंगी।
