नई दिल्ली। पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर राहुल गांधी की टिप्पणियों पर भाजपा ने पलटवार किया है। भाजपा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वैश्विक संकट के बावजूद देश में ईंधन की कमी टाली है।भाजपा ने सोमवार को राहुल गांधी पर देश को कमजोर करने का प्रयास करने का आरोप लगाया। पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता गौरव भाटिया ने राहुल गांधी को अपरिपक्व और अराजक करार दिया।
इस संबंध में गौरव भाटिया ने कहा कि वैश्विक स्तर पर तेल और डीजल की कीमतें काफी बढ़ी हैं, लेकिन भारत में मूल्य वृद्धि अपेक्षाकृत कम रही है। उन्होंने अमेरिका, ब्रिटेन और खाड़ी देशों की तुलना में भारत की स्थिति बेहतर बताई।भाटिया ने कहा, “राहुल गांधी, यदि आपका उद्देश्य अराजकता फैलाना है तो हम भी भारत को मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।” उन्होंने यह भी कहा कि भारत इस वैश्विक चुनौती का प्रभावी ढंग से सामना कर रहा है और देश की अर्थव्यवस्था मजबूत है। भाटिया ने राहुल गांधी की मोदी सरकार के एक साल में गिरने वाली टिप्पणी की भी आलोचना की।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आगामी चुनावों को देखते हुए ईंधन कीमतों और महंगाई का मुद्दा राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण बना रहेगा। भाजपा जहां आर्थिक स्थिरता और वैश्विक संकट से निपटने की अपनी क्षमता को उपलब्धि के रूप में पेश कर रही है, वहीं विपक्ष महंगाई और आम आदमी पर पड़ने वाले प्रभाव को मुद्दा बनाने की कोशिश कर रहा है।
चलते चलते बता दें कि, इस पूरे विवाद के बीच आम जनता की चिंता मुख्य रूप से महंगाई और जीवनयापन की लागत को लेकर बनी हुई है। पेट्रोल और डीजल की कीमतें परिवहन लागत को प्रभावित करती हैं, जिसका असर बाजार में वस्तुओं और सेवाओं के दाम पर भी पड़ता है। ऐसे में सरकार और विपक्ष दोनों ही इस मुद्दे को राजनीतिक और आर्थिक दृष्टि से महत्वपूर्ण मान रहे हैं।
