नई दिल्ली। अगस्त और सितंबर का समय किसानों के लिए सरकारी योजनाओं के लिहाज से अहम रहने वाला है। इस दौरान प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की अगली किस्त, खरीफ फसल बीमा, किसान क्रेडिट कार्ड और विभिन्न सब्सिडी योजनाओं से जुड़े कामों पर ध्यान देने की जरूरत है। ये सभी योजनाएं अलग-अलग हैं और इनके नियम भी भिन्न हैं। कुछ योजनाओं का क्रियान्वयन केंद्र सरकार करती है, जबकि कुछ के नियम और पात्रता राज्य सरकारें तय करती हैं।
यहां हम आपको बताते चले कि, पीएम किसान योजना के तहत पात्र किसान परिवारों को साल में छह हजार रुपये तीन बराबर किस्तों में बैंक खाते में दिए जाते हैं। तेईसवीं किस्त बीस जून को जारी हो चुकी है। चौबीसवीं किस्त अगस्त से नवंबर के बीच कभी भी आ सकती है। इसकी सटीक तारीख आधिकारिक जानकारी आने पर ही पता चलेगी। जिन किसानों का ई-केवाईसी अधूरा है, उन्हें इसे जल्द पूरा करना चाहिए। जमीन के रिकॉर्ड, आधार और बैंक खाते की जानकारी में गड़बड़ी होने पर भुगतान रुक सकता है।
जानकारी देते चले कि, अगस्त में खरीफ फसलों के लिए प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना पर भी किसानों की नजर रहती है। इसमें बाढ़, सूखा, कीट और बीमारी जैसी वजहों से फसल नुकसान पर आर्थिक सुरक्षा मिल सकती है। वर्ष 2026 के लिए योजना के पोर्टल पर खरीफ सीजन की अधिसूचनाएं उपलब्ध हैं, लेकिन आवेदन की अंतिम तारीख फसल और राज्य के अनुसार अलग हो सकती है। किसान क्रेडिट कार्ड के जरिए बीज, खाद, कीटनाशक और अन्य कृषि जरूरतों के लिए बैंक से कर्ज की सुविधा मिलती है। पात्र किसानों को ब्याज में राहत और समय पर भुगतान पर अतिरिक्त प्रोत्साहन भी मिलता है।
वही हम आपको यह भी बता दें कि, पीएम किसान योजना का लाभ उन किसान परिवारों को मिलता है जिनके नाम पर खेती की जमीन दर्ज है। पति, पत्नी और नाबालिग बच्चों को एक परिवार माना जाता है। सरकारी कर्मचारी, दस हजार रुपये या उससे अधिक मासिक पेंशन पाने वाले कुछ सेवानिवृत्त कर्मचारी, आयकर भरने वाले और डॉक्टर, इंजीनियर, वकील, चार्टर्ड अकाउंटेंट जैसे कुछ पेशेवर इसके दायरे से बाहर हैं। फसल बीमा योजना में शामिल इलाके और फसल उगाने वाले किसान पात्र हो सकते हैं। किसान क्रेडिट कार्ड के लिए किसान बैंक में खेती और जमीन से जुड़े दस्तावेजों के आधार पर आवेदन कर सकते हैं।
पीएम किसान की अगली किस्त पर किसानों की नजर
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत पात्र किसान परिवारों को साल में कुल 6,000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है। यह राशि तीन बराबर किस्तों में यानी 2,000-2,000 रुपये करके सीधे पात्र लाभार्थियों के बैंक खाते में भेजी जाती है।
दी गई जानकारी के अनुसार, पीएम किसान की 23वीं किस्त 20 जून को जारी हो चुकी है। अब किसानों की नजर 24वीं किस्त पर है। यह किस्त अगस्त से नवंबर के बीच जारी होने की अवधि में आती है, लेकिन इसकी सटीक तारीख आधिकारिक घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगी। इसलिए किसानों को किसी अनधिकृत सूचना या सोशल मीडिया पर चल रही संभावित तारीखों के बजाय सरकारी अपडेट पर भरोसा करना चाहिए।
कौन ले सकता है पीएम किसान का लाभ?
पीएम किसान योजना में सामान्य रूप से उन किसान परिवारों को लाभ दिया जाता है जिनके नाम पर खेती योग्य जमीन का रिकॉर्ड दर्ज है। योजना के लिए पति, पत्नी और नाबालिग बच्चों को एक किसान परिवार के रूप में देखा जाता है।
हालांकि, सभी भूमिधारक किसान परिवार योजना के लाभ के लिए पात्र नहीं होते। निर्धारित नियमों के तहत कुछ श्रेणियों को इससे बाहर रखा गया है। इनमें आयकर का भुगतान करने वाले लोग, कुछ सरकारी कर्मचारी और कुछ सेवानिवृत्त कर्मचारी शामिल हैं।
कुल मिलाकर, अगस्त और सितंबर का समय किसानों के लिए सिर्फ खरीफ फसल की देखभाल का ही नहीं, बल्कि सरकारी योजनाओं से जुड़े जरूरी काम पूरे करने का भी अवसर है। समय पर दस्तावेजों की जांच, आवेदन और पात्रता की पुष्टि करने से किसान उपलब्ध योजनाओं का लाभ लेने की प्रक्रिया को बेहतर तरीके से पूरा कर सकते हैं।
