नई दिल्ली। हर महीने में अमावस्या का त्योहार मनाया जाता है। इस दिन भगवान विष्णु और पितरों की पूजा करने का विधान है। साथ ही विशेष चीजों का दान करना चाहिए। धार्मिक मान्यता के अनुसार, शनि अमावस्या (Shani Amavasya 2025) पर दान और पवित्र नदी में स्नान करने से साधक को सभी पापों से छुटकारा मिलता है। साथ ही सुख-समृद्धि में वृद्धि होती है। साथ ही जीवन खुशहाल होता है।
इन उपायों से , दूर होंगी सभी समस्याएं आईए जानते है-
1 शनि अमावस्या के दिन शनि मंदिर में तेल, काले तिल और उड़द दाल का दान करें। इसके साथ ही है ‘ॐ शं शनैश्चराय नमः’ मंत्र का 108 बार जाप करें। शनिदेव की मूर्ति पर सरसों के तेल से अभिषेक करें।
इस दिन हनुमान चालीसा का पाठ करें। चमेली के तेल का दीपक जलाकर हनुमान जी की प्रतिमा के सामने बजरंग बाण और सुंदरकांड का पाठ करें।
2 गरीबों को सरसों के तेल का दाने दें। जूते-चप्पल भी दान दे सकते हैं। इसके साथ ही उनको भोजन कराएं। काले कुत्ते को रोटी खिलाएं और कौवों को दाना डालें।
3 शनि अमावस्या पर हवन करें, जिसमें काले तिल, गुड़, घी और सरसों के दाने अर्पित करें।
4 इस दिन काले घोड़े की नाल से बनी अंगूठी पहनें।
5 नहाने के पानी में काले तिल मिलाकर स्नान करें, इससे शनि दोष कम होता है।
6 अनाथालय या वृद्धाश्रम में भोजन वितरित करें।
7 भैरव मंदिर में कुत्तों को मीठी रोटी या गुड़ खिलाएं।
8किसी बहते जल में नारियल प्रवाहित करें, इससे शनि दोष का प्रभाव कम होता है।