नई दिल्ली।मानसून के मौसम में हरी सब्जियों की खेती किसानों के लिए मुनाफे का बेहतरीन मौका है। कृषि वैज्ञानिकों के अनुसार, इस सीजन में बाजार में सब्जियों की भारी मांग रहती है और कीमतें ऊंची बनी रहती हैं। सही प्लानिंग और वैज्ञानिक तरीके से खेती करने पर बंपर पैदावार के साथ अच्छी कमाई हो सकती है।
वैज्ञानिकों ने आठ सब्जियों की सूची तैयार की है जिनमें लौकी, तोरई, कद्दू, भिंडी, बैंगन, मिर्च, करेला, खीरा और बीन्स शामिल हैं। इन बेलदार सब्जियों को ऊंचे बेड या मचान विधि से उगाने की सलाह दी गई है ताकि जलभराव से बचाव हो सके। मचान पर बेल चढ़ाने से फल सड़ने से बचते हैं, उनकी क्वालिटी अच्छी रहती है और बाजार में बेहतर दाम मिलते हैं।
भिंडी और बैंगन की खेती के लिए अच्छी जल निकासी जरूरी है। बैंगन में कीटों से बचाव के लिए जैविक कीटनाशक या नीम के तेल का छिड़काव करना चाहिए। खीरा और करेला की खेती में भी मचान विधि फायदेमंद है, इससे फंगस और सड़न का खतरा कम होता है तथा फल रसीले और बड़े साइज के तैयार होते हैं।
मिर्च की नर्सरी बारिश शुरू होने से पहले तैयार कर ट्रांसप्लांट करनी चाहिए। बीन्स की जड़ें मिट्टी में नाइट्रोजन फिक्स करती हैं जो उपजाऊ शक्ति बढ़ाती हैं। कृषि वैज्ञानिकों का फॉर्मूला है कि इन सब्जियों को मिक्स क्रॉपिंग या उचित दूरी पर लाइन में लगाकर आमदनी दोगुनी से ज्यादा की जा सकती है।
