छिंदवाड़ा। मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के लिए एक बड़ी खुशखबरी सामने आई है। नेशनल हाइवे 547 (छिंदवाड़ा-सावनेर) को फोरलेन में तब्दील करने की घोषणा केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने आज जबलपुर में की है। इस परियोजना के तहत अगले 6 महीनों में निर्माण कार्य शुरू होने की उम्मीद है। इस महत्वपूर्ण कदम को क्षेत्र के सांसद विवेक बंटी साहू की निरंतर मेहनत और जनता की मांग का परिणाम माना जा रहा है।
परियोजना का विवरणहाइवे की लंबाई और चौड़ाई: छिंदवाड़ा से सावनेर तक यह हाइवे करीब 75 किलोमीटर लंबा है। वर्तमान में यह टू-लेन हाइवे है, जिसकी चौड़ाई 24 से 36 मीटर तक है। फोरलेन में अपग्रेड होने के बाद इसकी चौड़ाई 45 से 60 मीटर तक हो जाएगी।
निर्माण की आवश्यकताएं: इस परियोजना के लिए अतिरिक्त जमीन अधिग्रहण की आवश्यकता होगी, हालांकि फॉरेस्ट एरिया में पर्याप्त जमीन उपलब्ध है। इसके अलावा, लखनवाड़ा में बैनगंगा नदी पर एक नए पुल के निर्माण की जरूरत होगी, जबकि पेंच नदी पर पहले से ही एक बड़ा पुल मौजूद है।
सिल्लेवानी घाटी का कार्य: एनएचएआई ने सिल्लेवानी घाटी में भूस्खलन रोकने के लिए अतिरिक्त स्वाइल नैलिंग का प्रस्ताव भेजा है, जिसकी मंजूरी का इंतजार है।
सांसद विवेक बंटी साहू की भूमिका
छिंदवाड़ा के सांसद विवेक बंटी साहू ने इस परियोजना को मूर्त रूप देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात कर क्षेत्र की जनता की मांग को उनके सामने रखा। साहू ने लगातार इस हाइवे को फोरलेन बनाने की वकालत की, जिसका परिणाम अब क्षेत्रवासियों को मिलने जा रहा है।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का योगदान
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने इस परियोजना को गंभीरता से लिया और एनएचएआई को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। 12 अप्रैल को जामसांवली दौरे के दौरान गडकरी ने स्थानीय लोगों की मांग को सुना और इसे लागू करने का आश्वासन दिया था। एनएचएआई की टीम ने इसके बाद मौके का निरीक्षण कर तकनीकी रिपोर्ट तैयार की, जिसे जल्द ही हेडक्वार्टर को भेजा जाएगा।
क्षेत्र के लिए लाभकिसानों को फायदा: इस फोरलेन हाइवे के बनने से छिंदवाड़ा के सब्जी उत्पादक किसानों को सिवनी सब्जी मंडी तक आसानी से पहुंचने का मौका मिलेगा। सिवनी मंडी में महाराष्ट्र के गोंदिया और छत्तीसगढ़ के रायपुर से व्यापारी आते हैं, जिससे किसानों को अपनी फसलों के बेहतर दाम मिल सकेंगे।
औद्योगिक विकास: छिंदवाड़ा में वेस्टर्न कोल फील्ड्स की खदानें और अन्य औद्योगिक इकाइयां हैं। फोरलेन हाइवे से इन उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा और कनेक्टिविटी बेहतर होगी।
सड़क सुरक्षा: टू-लेन हाइवे पर होने वाली दुर्घटनाओं को कम करने में यह परियोजना मददगार साबित होगी। 2024 में हाइवे पर 550 से ज्यादा दुर्घटनाएं हुईं, जिनमें 200 से ज्यादा लोगों की जान गई। फोरलेन बनने से यातायात सुगम होगा और हादसों में कमी आएगी।
जामसांवली मंदिर की पहुंच: जामसांवली में स्थित विश्व प्रसिद्ध चमत्कारी हनुमान मंदिर तक भक्तों की पहुंच आसान होगी। यह मंदिर अपनी अनूठी स्वयंभू हनुमान प्रतिमा और नाभि से निकलने वाले जल के लिए प्रसिद्ध है।
एचएआई की टीम ने तकनीकी निरीक्षण पूरा कर लिया है और जल्द ही इसकी रिपोर्ट हेडक्वार्टर को भेजी जाएगी। परियोजना को मंजूरी मिलने के बाद अगले 6 महीनों में निर्माण कार्य शुरू होने की संभावना है। यह हाइवे न केवल छिंदवाड़ा और सावनेर को जोड़ेगा, बल्कि नागपुर, जबलपुर और बालाघाट जैसे प्रमुख शहरों से भी कनेक्टिविटी बढ़ाएगा।