मथुरा। मथुरा के वृंदावन के केशीघाट के समीप यमुना नदी में शुक्रवार दोपहर पंजाब के लुधियाना के श्रद्धालुओं का जत्था देवराहा बाबा की समाधि स्थल पर दर्शन के लिए जा रहा था। पैंटून पुल को जोड़ने के दौरान तेज बहाव में पुल का पीपा मोटरबोट से टकरा गया, जिससे बोट पलट गई। हादसे में 37 से अधिक श्रद्धालु यमुना में डूब गए।
आसपास मौजूद गोताखोरों ने 22 लोगों को बचाया। दस श्रद्धालुओं के शव निकाले गए, जिनका पोस्टमार्टम कर देर रात एंबुलेंस से पंजाब भेज दिया गया। लुधियाना निवासी शव सुबह 10 बजे घर पहुंच गए, जबकि जगराओं निवासी शव दोपहर में पहुंचने वाले थे।रात एक बजे तक बचाव कार्य चला। चार घंटे के ब्रेक के बाद सुबह साढ़े पांच बजे एनडीआरएफ और एसडीआरएफ के गोताखोर 20 मोटरबोट लेकर यमुना में उतरे। करीब 10 किलोमीटर दायरे में लापता लोगों की तलाश की जा रही है।
प्रशासन की सूची के अनुसार सात श्रद्धालु अब भी लापता हैं। एसपी देहात सुरेश चंद्र रावत और एडीएम वित्त डॉक्टर पंकज वर्मा की अगुवाई में टीमें काम कर रही हैं। पूरे मामले की जांच डीएम सीपी सिंह ने एडीएम वित्त डॉ. पंकज वर्मा को सौंपी है। स्वजन यमुना किनारे मिलने की उम्मीद में बैठे हुए हैं।
