नईदिल्ली। बीजेपी मुख्यालय में 19 जनवरी 2026 को राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई है। यह पार्टी के लिए एक नए अध्याय की शुरुआत है, जिसे ‘नबीन’ अध्याय कहा जा रहा है। बीजेपी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन (नबीन) ने अपना नामांकन दाखिल किया है और सभी संकेतों से लगता है कि वे निर्विरोध रूप से पार्टी के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने जाएंगे। नामांकन प्रक्रिया के दौरान गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और अन्य वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का भी समर्थन नितिन नवीन के पक्ष में है, जो पार्टी में पीढ़ीगत बदलाव का संकेत देता है।
नामांकन प्रक्रिया की शुरुआत सुबह हुई, जब विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्री और प्रदेश अध्यक्ष अपने समर्थन पत्र चुनाव अधिकारियों को सौंपने पहुंचे। गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता सहित कई नेताओं ने नितिन नवीन के पक्ष में पत्र जमा किए। विभिन्न राज्यों से आए प्रस्तावक और समर्थक नितिन नवीन के नामांकन में शामिल हुए। सूत्रों के अनुसार, नितिन नवीन ने तीन अलग-अलग सेट में नामांकन दाखिल किया, जिसमें एक सेट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमित शाह, राजनाथ सिंह और जेपी नड्डा प्रस्तावक के रूप में शामिल हैं। रिटर्निंग अधिकारी के लक्ष्मण ने इन नामांकनों को प्राप्त किया।
बीजेपी के संविधान के अनुसार, राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव एक निर्वाचक मंडल (इलेक्टोरल कॉलेज) द्वारा होता है, जिसमें राष्ट्रीय परिषद के सदस्य और राज्यों की परिषदों से चुने गए प्रतिनिधि शामिल हैं। इस बार लगभग 5717 मतदाता हैं, जिनमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमित शाह, राजनाथ सिंह, जेपी नड्डा जैसे शीर्ष नेता भी शामिल हैं। नामांकन के लिए अधिकतम 20 प्रस्तावक प्रति सेट की अनुमति है और कम से कम 5 अलग-अलग राज्यों से प्रस्तावक होने चाहिए। पार्टी ने लक्ष्य रखा है कि प्रत्येक राज्य से एक सेट प्रस्तावक हो। चूंकि कोई अन्य उम्मीदवार नहीं है, इसलिए चुनाव निर्विरोध होने की पूरी संभावना है।
जानकारी दे दें कि, नामांकन प्रक्रिया के दौरान पार्टी मुख्यालय में जबरदस्त हलचल रही। विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्री जैसे योगी आदित्यनाथ (उत्तर प्रदेश), पुष्कर सिंह धामी (उत्तराखंड), प्रमोद सावंत (गोवा), नायब सिंह सैनी (हरियाणा) और अन्य नेता दिल्ली पहुंचे और नितिन नवीन के समर्थन में खड़े हुए। बिहार, आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र, असम, झारखंड जैसे राज्यों के नेताओं ने भी समर्थन पत्र जमा किए। यह NDA की एकजुटता और मजबूत संगठन का प्रदर्शन था।
वही, यह बदलाव पार्टी के लिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि आने वाले वर्षों में कई राज्य चुनाव और लोकसभा चुनाव होने हैं। नितिन नवीन के नेतृत्व में बीजेपी नई रणनीति, युवा कार्यकर्ताओं की भागीदारी और संगठन मजबूती पर फोकस करेगी। पार्टी के वरिष्ठ नेता इस प्रक्रिया को सुचारू रूप से पूरा करने में जुटे हैं। कल की घोषणा के बाद बीजेपी में ‘नबीन’ अध्याय औपचारिक रूप से शुरू हो जाएगा, जो पार्टी की नई दिशा तय करेगा।
