नई दिल्ली।होली का त्योहार जैसे-जैसे नजदीक आ रहा है, वैसे-वैसे घर लौटने वाले यात्रियों की भीड़ बढ़ती जा रही है। लेकिन इस बार हवाई सफर उन लोगों के लिए ‘लग्जरी’ बनता नजर आ रहा है, जो बिहार, पूर्वांचल या अन्य गृह राज्य लौटना चाहते हैं। फरवरी 2026 के अंत में होली (4 मार्च 2026, होलिका दहन 3 मार्च) से ठीक पहले फ्लाइट टिकटों के दाम आसमान छू रहे हैं। दिल्ली से पटना, मुंबई से पटना, मुंबई से वाराणसी जैसे प्रमुख घरेलू रूट्स पर किराया दोगुना से भी ज्यादा हो गया है। कई मामलों में घरेलू फ्लाइट का किराया अंतरराष्ट्रीय उड़ानों से भी महंगा पड़ रहा है, जिससे यात्रियों में रोष और आश्चर्य दोनों है।
ट्रेड और यात्रियों की रिपोर्ट्स के अनुसार, दिल्ली (इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट) से पटना (जय प्रकाश नारायण इंटरनेशनल एयरपोर्ट) रूट पर 1 और 2 मार्च को फ्लाइट टिकट 13 हजार रुपये तक पहुंच गए हैं। सामान्य दिनों में यही टिकट 4 से 5 हजार रुपये में आसानी से मिल जाता है। यानी होली पीक डिमांड में किराया तीन गुना तक बढ़ गया है। इंडिगो, एयर इंडिया और अन्य एयरलाइंस की अधिकांश फ्लाइट्स में सीटें लगभग फुल हो चुकी हैं, जिससे लेट बुकिंग करने वालों को भारी कीमत चुकानी पड़ रही है। इसी तरह मुंबई से पटना पर डायरेक्ट फ्लाइट्स 16 हजार से 17 हजार रुपये तक पहुंच गई हैं।
जानकारी दे दें कि, होली की वजह से घर लौटने की मांग बहुत ज्यादा है। बिहार, उत्तर प्रदेश और पूर्वी भारत से लाखों लोग दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, चेन्नई जैसे महानगरों में काम करते हैं और त्योहार पर परिवार से मिलने जाते हैं। ट्रेनों में कंफर्म टिकट मिलना लगभग असंभव हो गया है – वेटिंग लिस्ट सैकड़ों-हजारों में है। बसों में भी सीटें नहीं मिल रही हैं। ऐसे में लोग मजबूरी में फ्लाइट चुन रहे हैं, लेकिन सीमित सीटों और हाई डिमांड की वजह से एयरलाइंस डायनामिक फेयरिंग का फायदा उठा रही हैं। एयरलाइंस का कहना है कि यह मांग-आपूर्ति का नियम है – पीक सीजन में किराया बढ़ना स्वाभाविक है।
ट्रैवल एक्सपर्ट्स का कहना है कि होली जैसे त्योहारों पर हमेशा भीड़ होती है, लेकिन इस बार इंडिगो और अन्य एयरलाइंस के फ्लीट इश्यू या क्रू शॉर्टेज (पिछले कुछ महीनों की घटनाओं से) ने भी सीटों की कमी बढ़ाई है। साथ ही, होली 2026 में 4 मार्च को पड़ रही है, जिससे 1-3 मार्च की ट्रैवल पीक डेट्स हैं। एयरलाइंस ने कुछ सेल भी चलाई हैं (जैसे इंडिगो की फरवरी 24-27 सेल), लेकिन पीक डेट्स पर फायदेमंद नहीं हो रही।
चलते चलते यात्रियों के लिए सलाह है कि अगर संभव हो तो पहले ही टिकट बुक कर लें या वैकल्पिक तारीखें चुनें। ट्रेनों में RAC या वेटिंग टिकट पर यात्रा का विकल्प भी देखें। सोशल मीडिया पर लोग कह रहे हैं कि ‘होली पर फ्लाइट अब आम आदमी की पहुंच से बाहर हो गई है’। एयरलाइंस पर दबाव बढ़ रहा है कि वे पीक सीजन में कैप्ड फेयरिंग या स्पेशल होली फ्लाइट्स बढ़ाएं।कुल मिलाकर, होली 2026 यात्रियों के लिए महंगी साबित हो रही है। त्योहार की खुशी में घर लौटना चाहते लोगों की जेब पर भारी बोझ पड़ रहा है। यह स्थिति घरेलू एविएशन में डिमांड-सप्लाई इम्बैलेंस और रेगुलेटरी इश्यूज को भी उजागर करती है। आने वाले दिनों में अगर किराए नहीं घंटे तो यात्रियों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।
