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नई दिल्ली। अमेरिका द्वारा भारतीय सामानों पर लगाए गए 50 प्रतिशत के भारी टैरिफ के बीच पूर्व अमेरिकी सेना के कर्नल और प्रसिद्ध रक्षा विशेषज्ञ डगलस मैकग्रेगर ने भारत-अमेरिका संबंधों पर महत्वपूर्ण टिप्पणी की है। मैकग्रेगर ने कहा कि भारत हमेशा वाशिंगटन की हर बात या इच्छा से सहमत नहीं होगा, क्योंकि कोई भी देश अपने राष्ट्रीय हितों की सीमाओं से आगे नहीं बढ़ सकता।

इस संबंध मे हम आपको बता दें कि, ट्रंप की नीति पर तीखी आलोचनामैकग्रेगर ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की नीति को “मूर्खतापूर्ण मानसिकता” करार दिया। उन्होंने कहा कि यदि कोई देश रूस के साथ व्यापार करता है तो अमेरिका उसके साथ संबंध खराब करने की धमकी देता है, जो बेवकूफी है। ट्रंप ने पिछले साल अगस्त में भारतीय सामानों पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगाया था, जिसमें 25 प्रतिशत ‘रेसिप्रोकल’ टैरिफ और रूसी तेल खरीद के कारण अतिरिक्त 25 प्रतिशत पेनल्टी टैरिफ शामिल था। यह कदम भारत की रूस से सस्ते तेल की खरीद को रोकने के लिए उठाया गया था, क्योंकि अमेरिका का मानना था कि इससे रूस की यूक्रेन युद्ध में मदद हो रही है।मैकग्रेगर ने कहा, “व्यापार और वाणिज्य तथा सुरक्षा के क्षेत्रों में सहयोग और व्यापार के कारण हैं।

जानकारी दे दें कि, ट्रंप के 50 प्रतिशत टैरिफ ने भारत-अमेरिका व्यापार को प्रभावित किया था। भारतीय निर्यातकों, विशेषकर टेक्सटाइल, ज्वेलरी, फार्मास्यूटिकल्स और आईटी सेक्टर पर असर पड़ा। भारत ने अमेरिका के साथ ट्रेड डील के लिए लंबी बातचीत की। हाल ही में 2 फरवरी 2026 को ट्रंप ने घोषणा की कि मोदी के साथ बातचीत के बाद टैरिफ 18 प्रतिशत तक घटा दिया गया है। ट्रंप ने दावा किया कि भारत रूसी तेल खरीद बंद करेगा, अमेरिका से अधिक तेल और अन्य सामान खरीदेगा, तथा अपनी तरफ से व्यापार बाधाएं कम करेगा। हालांकि, भारत की ओर से रूसी तेल बंद करने की पुष्टि नहीं हुई है, और कुछ विवरण अभी अस्पष्ट हैं।

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