वाशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गुरुवार को व्हाइट हाउस में कैबिनेट बैठक के दौरान कहा कि ईरान ने उन्हें 10 तेल टैंकर गिफ्ट किए हैं। ट्रंप के अनुसार, इन टैंकरों पर पाकिस्तानी झंडे लगे थे और इन्हें हॉर्मुज जलडमरूमध्य के रास्ते भेजा गया।ट्रंप ने बताया कि ईरान ने पहले आठ बड़े तेल टैंकरों को सुरक्षित गुजरने की अनुमति दी। इसके बाद किसी वजह से माफी मांगते हुए दो और टैंकर भेजे गए। कुल मिलाकर यह संख्या 10 हो गई। उन्होंने इसे ईरान की सद्भावना के रूप में देखा और कहा कि ईरान बातचीत में गंभीरता दिखाने तथा अमेरिका का भरोसा जीतने का प्रयास कर रहा है।
ट्रंप ने कहा कि इस कदम से उन्हें विश्वास हुआ है कि बातचीत सही दिशा में आगे बढ़ रही है। उन्होंने विशेष दूत स्टीव विटकॉफ से मजाकिया अंदाज में टिप्पणी की कि इस खुलासे से वार्ता पर कोई असर न पड़े। यह बयान ईरानी ऊर्जा ठिकानों पर संभावित हमलों की समयसीमा बढ़ाने के संदर्भ में दिया गया, जिसे 6 अप्रैल तक टाल दिया गया है ताकि वार्ता जारी रह सके।ट्रंप ने जोर दिया कि ईरान इस हरकत से साबित करना चाहता है कि वह विश्वसनीय साझेदार है। White House ने टैंकरों के बारे में विस्तृत जानकारी देने से इनकार कर दिया है।
कुल मिलाकर, यह मामला केवल 10 तेल टैंकरों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके पीछे छिपे राजनीतिक और रणनीतिक संकेत कहीं अधिक महत्वपूर्ण हैं। आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या यह “गिफ्ट” वास्तव में संबंध सुधार की दिशा में एक कदम है या फिर वैश्विक राजनीति का एक नया अध्याय।
