देहरादून: सीबीएसई 10वीं बोर्ड परीक्षा के नतीजों में उत्तराखंड की मुक्केबाज मुस्कान बिष्ट ने पढ़ाई के मैदान में भी शानदार प्रदर्शन किया है। बंजारावाला निवासी मुस्कान ने 95.6 प्रतिशत अंक हासिल किए हैं।सोशल बालूनी पब्लिक स्कूल, बंजारावाला की छात्रा मुस्कान बिष्ट बाक्सिंग रिंग में अपनी पहचान बना चुकी हैं। उन्होंने चार राष्ट्रीय स्तर और सात राज्य स्तर की प्रतियोगिताओं में भाग लिया है तथा कई स्वर्ण और कांस्य पदक जीते हैं। मुस्कान सुबह बाक्सिंग प्रैक्टिस, स्कूल और पढ़ाई के साथ-साथ शाम को भी बाक्सिंग सत्र करती हैं। वे अनुशासन और समय प्रबंधन के जरिए खेल और पढ़ाई का संतुलन बनाए रखती हैं।
मुस्कान ने पिता को छोटी उम्र में खो दिया था। उनकी मां कमला बिष्ट राज्य कर विभाग में वरिष्ठ अधिकारी हैं और उन्होंने हर कदम पर मुस्कान को प्रोत्साहित किया है। मुस्कान का कहना है कि अगर लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत सच्ची हो तो कोई बाधा रास्ता नहीं रोक सकती। वे भारतीय वायुसेना में अधिकारी बनकर देश की सेवा करना चाहती हैं।यह सफलता कठिन परिस्थितियों में भी मेहनत, अनुशासन और लगन से आगे बढ़ने का प्रेरणादायक उदाहरण है।
विशेषज्ञों का भी मानना है कि खेलों में भाग लेने से छात्रों की एकाग्रता, आत्मविश्वास और मानसिक संतुलन बेहतर होता है, जिसका सकारात्मक प्रभाव उनकी पढ़ाई पर भी पड़ता है। मुस्कान की सफलता इस बात का जीवंत उदाहरण है कि खेल और शिक्षा एक-दूसरे के पूरक हो सकते हैं।
कुल मिलाकर, मुस्कान बिष्ट की यह उपलब्धि न सिर्फ एक व्यक्तिगत सफलता है, बल्कि समाज के लिए भी एक प्रेरणा है। उन्होंने यह साबित कर दिया है कि कठिन परिस्थितियों में भी अगर दृढ़ संकल्प, अनुशासन और मेहनत हो, तो कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। उनकी कहानी आने वाली पीढ़ी के लिए एक मिसाल है, जो यह सिखाती है कि सपनों को पूरा करने के लिए लगातार प्रयास करना ही सफलता की कुंजी है।
