नई दिल्ली। कांग्रेस ने केरल में मुख्यमंत्री चयन के लिए 10 दिन का समय लिया। यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (UDF) की ऐतिहासिक जीत के बाद बुधवार को वीडी सतीशन को मुख्यमंत्री घोषित किया गया। कांग्रेस ने 63 सीटें जीतीं जबकि UDF गठबंधन को 140 सदस्यीय विधानसभा में 102 सीटें मिलीं।
इसके विपरीत पश्चिम बंगाल में भाजपा ने चुनाव नतीजों के करीब 48 घंटे के भीतर सुवेंदु अधिकारी को मुख्यमंत्री बनाया। भाजपा ने पहली बार राज्य में 207 सीटें जीतकर सरकार बनाने का अधिकार प्राप्त किया। असम में भी भाजपा ने भारी बहुमत के साथ हिमंत बिस्वा सरमा को मुख्यमंत्री बनाए रखा।
दोनों पार्टियों के तरीके में स्पष्ट अंतर दिखा। भाजपा ने जीत के तुरंत बाद नेतृत्व पर फैसला लिया जबकि कांग्रेस में आंतरिक खींचतान के बाद फैसला हुआ। केरल में मुख्यमंत्री पद के लिए केसी वेणुगोपाल, वीडी सतीशन और रमेश चेन्निथला के नाम चर्चा में थे। राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे समेत वरिष्ठ नेताओं की बैठकों के बाद सहमति बनी।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार भाजपा जीत को सत्ता संभालने की प्रक्रिया मानती है और त्वरित फैसले लेती है। कांग्रेस में जीत के बाद भी बातचीत और गुटबाजी लंबे समय तक चलती रही है।
