नई दिल्ली। बारिश किसानों के लिए हरियाली और अच्छी फसल लेकर आती है, लेकिन इसी मौसम में खेतों में कई खतरे भी बढ़ जाते हैं। बारिश के बाद खेतों में जमा पानी, कीचड़, घनी घास और झाड़ियां सांप, बिच्छू और दूसरे जहरीले जीवों के छिपने की सुरक्षित जगह बन जाती हैं। कई बार किसान बिना सावधानी के सीधे खेत में उतर जाते हैं और अनजाने में इन जीवों के संपर्क में आ जाते हैं। इसलिए बरसात के मौसम में खेतों में काम करने से पहले जरूरी सावधानियां अपनाना आवश्यक है।
इस कड़ी मे यहां बता दें कि, बरसात के दौरान लगातार बारिश से सांपों के बिलों में पानी भर जाता है। ऐसे में वे सूखी और सुरक्षित जगह की तलाश में बाहर निकल आते हैं। इसी समय चूहे, मेंढक और दूसरे छोटे जीव भी घरों और खेतों के आसपास पहुंचने लगते हैं। इनका शिकार करने के लिए सांप भी इन्हीं इलाकों में दिखाई देने लगते हैं। खेतों की मेड़, घास-फूस, पत्थरों के नीचे और फसलों के बीच ये आसानी से छिप जाते हैं। यही वजह है कि बारिश के बाद खेतों में सांपों का खतरा बढ़ जाता है।
यहां हम आपको यह बताना चाहते हैं कि, खेत में उतरने से पहले किसानों को लंबे और मजबूत बूट पहनने चाहिए, जिससे सांप या बिच्छू के काटने का खतरा कम हो सके। रात के समय खेत में जाना पड़े तो हाथ में टॉर्च और मजबूत डंडा रखना चाहिए। किसी भी जगह हाथ या पैर रखने से पहले डंडे से उस जगह की जांच कर लें। विशेषज्ञों के अनुसार मॉडर्न फार्मिंग मशीन का ज्यादा इस्तेमाल करने से खेत में सीधे संपर्क कम होता है और जहरीले जीवों से सामना होने का खतरा घट जाता है। खेतों की नियमित सफाई, मेड़ों की कटाई और आसपास उगी झाड़ियों को हटाने से भी इन जीवों के छिपने की जगह कम हो जाती है।
चलते चलते आखिर में बता दें ति, बरसात के दौरान घास, झाड़ियां और खेत की मेड़ सांपों और बिच्छुओं के छिपने की पसंदीदा जगह बन जाती हैं। बिना देखे हाथ डालना या अचानक पैर रखना खतरनाक हो सकता है। अगर खेत में कीचड़ भरा हो तो बिना देखे या जल्दबाजी में आगे न बढ़ें। जहां रास्ता साफ न दिखे, वहां पहले अच्छी तरह जांच कर लें। घर और खेत के आसपास लंबे समय तक पानी जमा न रहने दें, क्योंकि जलभराव से सांप और दूसरे जीव आसानी से ठिकाना बना लेते हैं। लकड़ी, घास या अनाज के ढेर को व्यवस्थित रखें, ताकि वहां छिपने की जगह न बन सके।
