नई दिल्ली । साल 2026 भारत की राजनीति के लिए बेहद महत्वपूर्ण साबित होने वाला है। 2025 में भाजपा के लिए दिल्ली और बिहार विधानसभा चुनावों में मिली जीत, उप-राष्ट्रपति चुनाव में सफलता और अन्य उपलब्धियों ने एनडीए (राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन) को मजबूत आत्मविश्वास दिया है। लेकिन अब 2026 में महाराष्ट्र से शुरू होकर पूर्वी और दक्षिणी भारत तक फैले कई बड़े चुनाव इस आत्मविश्वास की असली परीक्षा लेंगे। साल की शुरुआत महाराष्ट्र के नगर निकाय चुनावों से हो रही है, जिसमें मुंबई की ब्रिहनमुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) सबसे बड़ा केंद्र है।
बता दें कि, साल 2026 की पहली बड़ी परीक्षा महाराष्ट्र में होगी। महाराष्ट्र राज्य चुनाव आयोग ने 29 नगर निगमों (म्यूनिसिपल कॉर्पोरेशन्स) के चुनाव 15 जनवरी 2026 को एक ही चरण में कराने का ऐलान किया है। वोटों की गिनती 16 जनवरी को होगी। इसमें सबसे महत्वपूर्ण ब्रिहनमumbai महानगरपालिका (बीएमसी) के चुनाव हैं, जहां 227 वार्डों में मतदान होगा। यह एशिया का सबसे अमीर और सबसे बड़ा नगर निकाय है, जिसका बजट 74,000 करोड़ रुपये से अधिक है।
असम, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी: विधानसभा चुनाव (मार्च-मई 2026)
भारत निर्वाचन आयोग (ईसीआई) ने अभी तक सटीक तिथियां घोषित नहीं की हैं, लेकिन वर्तमान विधानसभाओं के कार्यकाल के आधार पर ये चुनाव मार्च से मई 2026 के बीच होने की संभावना है। कुल मिलाकर इन पांचों में लगभग 824 सीटें होंगी।
- असम (126 सीटें) — कार्यकाल 20 मई 2026 को समाप्त। भाजपा के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार (हिमंता बिस्वा सरमा मुख्यमंत्री) तीसरी बार सत्ता में आने की कोशिश करेगी। 2021 में एनडीए ने 75 सीटें जीती थीं। विपक्ष में कांग्रेस, एआईयूडीएफ और अन्य का गठबंधन है। घुसपैठ, जातीय प्रतिनिधित्व और सीएए जैसे मुद्दे प्रमुख होंगे। भाजपा 100+ सीटों का लक्ष्य रख रही है।
- पश्चिम बंगाल (294 सीटें) — कार्यकाल 7 मई 2026 को समाप्त। तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की ममता बनर्जी तीसरी बार सरकार बनाने की कोशिश करेंगी। 2021 में टीएमसी ने 215 सीटें जीती थीं। भाजपा मुख्य चुनौती देगी। धार्मिक ध्रुवीकरण, संदेशखाली जैसे मुद्दे और टीएमसी के 30% मुस्लिम वोट बैंक पर सबकी नजर होगी।
- तमिलनाडु (234 सीटें) — कार्यकाल 10 मई 2026 को समाप्त। एमके स्टालिन के नेतृत्व वाली डीएमके सरकार है। द्रविड़ राजनीति में डीएमके बनाम एआईएडीएमके (एनडीए समर्थन के साथ) की लड़ाई होगी। भाजपा बड़ा रोल प्ले करने की कोशिश करेगी।
2026 में महाराष्ट्र के स्थानीय चुनावों से शुरू होकर दक्षिण और पूर्व में विधानसभा तक, ये चुनाव एनडीए की मजबूती और इंडिया गठबंधन की एकजुटता की परीक्षा लेंगे। भाजपा का 2025 का मोमेंटम जारी रहेगा या विपक्षी एकता काम आएगी—यह देखना रोचक होगा। राजनीतिक पार्टियां पहले से ही तैयारियां तेज कर चुकी हैं।
