कोलकाता।पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। चुनाव आयोग के निर्देश पर केंद्रीय गृह मंत्रालय से जुड़े अधिकारियों और अर्धसैनिक बलों के महानिदेशकों ने कोलकाता के साल्ट लेक सिटी में उच्चस्तरीय बैठक की। इस बैठक में लगभग ढाई लाख जवानों की तैनाती का फैसला किया गया, जो इन चुनावों के लिए अब तक की सबसे बड़ी संख्या है।
केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (सीएपीएफ) के अंतर्गत सीआरपीएफ, बीएसएफ, सीआईएसएफ, एसएसबी और आईटीबीपी के जवानों को तैनात किया जा रहा है। बैठक में राज्य पुलिस के शीर्ष अधिकारी और चुनाव आयोग के पुलिस सलाहकार भी शामिल हुए। सभी बलों को ‘वन इलेक्शन फोर्स’ के रूप में समन्वय के साथ काम करने के निर्देश दिए गए हैं।
सुरक्षा को और मजबूत बनाने के लिए करीब 200 बुलेट प्रूफ ‘मार्क्समैन’ बख्तरबंद गाड़ियां विभिन्न इलाकों में तैनात की गई हैं। ये वाहन एके-47, एसएलआर और आईएनएसएएस राइफलों जैसी फायरिंग से सुरक्षा प्रदान करते हैं तथा रन-फ्लैट टायरों से लैस हैं। इसके अलावा 200 कंपनियों की महिला कमांडोज को विशेष प्रशिक्षण देकर तैनात किया गया है।
पहले चरण का मतदान 23 अप्रैल 2026 को 152 निर्वाचन क्षेत्रों में होगा। त्वरित प्रतिक्रिया टीमें, संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी, फ्लैग मार्च और एंटी-सबोटाज उपाय भी लागू किए जा रहे हैं। चुनाव के बाद भी 500 से अधिक सीएपीएफ कंपनियां तैनात रहेंगी ताकि किसी भी प्रकार की हिंसा को रोका जा सके।
