गोथेनबर्ग। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वीडन के दौरे पर हैं। उन्होंने गोथेनबर्ग में ‘यूरोपियन राउंड टेबल फॉर इंडस्ट्री’ को संबोधित करते हुए आतंकवाद को लेकर चिंता जताई।मोदी ने कहा कि मौजूदा तनावपूर्ण वैश्विक माहौल में भारत और स्वीडन जैसे लोकतांत्रिक देशों के बीच करीबी सहयोग बेहद जरूरी है। भारत और स्वीडन इस बात पर सहमत हैं कि आतंकवाद पूरी मानवता के लिए गंभीर खतरा है।
उन्होंने पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत को मिले समर्थन के लिए स्वीडन के प्रधानमंत्री उल्फ क्रिस्टर्सन के प्रति आभार व्यक्त किया। पीएम मोदी ने कहा कि हम आतंकवाद और उसके समर्थकों के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेंगे। इस दौरान पीएम मोदी ने स्वीडन के प्रधानमंत्री उल्फ क्रिस्टर्सन और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन से मुलाकात भी की।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी का आतंकवाद पर दिया गया बयान ऐसे समय में आया है जब दुनिया के कई हिस्सों में सुरक्षा चुनौतियां बढ़ रही हैं। भारत लंबे समय से अंतरराष्ट्रीय मंचों पर आतंकवाद के खिलाफ एक साझा वैश्विक रणनीति की मांग करता रहा है। स्वीडन और यूरोपीय संघ के नेताओं के साथ हुई बैठकें इस दिशा में भारत के कूटनीतिक प्रयासों को मजबूत करने वाली मानी जा रही हैं।
